दून मेडिकल कॉलेज में रैगिंग पर सख्त कार्रवाई, 9 छात्र निलंबित, दो पर लगा जुर्माना

खबर डोज, देहरादून। दून मेडिकल कॉलेज में पुरुष छात्रावास में रैगिंग के मामलों को लेकर कॉलेज प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। एंटी रैगिंग कमेटी की जांच में वर्ष 2023 और 2024 बैच के कुल नौ छात्र दोषी पाए गए हैं। इन छात्रों पर अकादमिक और हॉस्टल से निलंबन के साथ-साथ आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया है।
कॉलेज प्रशासन के अनुसार, एंटी रैगिंग कमेटी ने दो अलग-अलग मामलों की जांच की। जांच में एमबीबीएस 2023 बैच के मोहम्मद साकिब अली और एमबीबीएस 2024 बैच के प्रशांत पंवार को रैगिंग का दोषी पाया गया। प्राचार्य डॉ. गीता जैन के आदेश पर दोनों छात्रों को दो माह के लिए अकादमिक कक्षाओं से निलंबित किया गया है। साथ ही दोनों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। इसके अलावा, दोनों छात्र एमबीबीएस और इंटर्नशिप अवधि के दौरान हॉस्टल में नहीं रह सकेंगे।
वहीं एक अन्य प्रकरण में एमबीबीएस 2023 बैच के विकल राणा, स्पर्श सिंह, सुभाष शुक्ला, आदित्य पालिवाल तथा एमबीबीएस 2024 बैच के वंश यादव, शुश्रुत अली और रिहान अंसारी को दोषी पाया गया है। इन सात छात्रों को हॉस्टल से तीन माह के लिए निष्कासित किया गया है और अकादमिक कक्षाओं से एक माह के लिए निलंबित किया गया है।
कॉलेज प्रशासन ने बताया कि जांच के दौरान एक और रैगिंग का मामला सामने आया, जिसमें जूनियर छात्र द्वारा सीनियर छात्रों पर धमकाने का आरोप लगाया गया था। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर इस मामले में भी सात छात्रों की संलिप्तता पाई गई, जिस पर उनके खिलाफ भी अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई है।
प्राचार्य डॉ. गीता जैन ने स्पष्ट किया कि दून मेडिकल कॉलेज में रैगिंग किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। छात्रों की सुरक्षा और अनुशासन बनाए रखने के लिए भविष्य में भी इस तरह के मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

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