लापरवाही पर कप्तान की कार्रवाई, महिला कोर्ट मोहर्रिर निलंबित

खबर डोज, हरिद्वार। न्यायालय से सजा सुनाए जाने के बाद पुलिस अभिरक्षा से आरोपी के फरार होने के मामले को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार प्रमेन्द्र सिंह डोबाल ने बेहद गंभीरता से लिया है। प्रथम दृष्टया लापरवाही सामने आने पर एसएसपी ने त्वरित अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए रुड़की न्यायालय में तैनात महिला कोर्ट मोहर्रिर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रुड़की द्वारा 16 जनवरी को धारा 138 एनआई एक्ट के तहत दर्ज एक परिवाद में आरोपी को एक वर्ष की सजा सुनाई गई थी। सजा के उपरांत आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में सौंपा गया, लेकिन कुछ ही समय बाद वह कोर्ट मोहर्रिर की हिरासत से फरार हो गया। इस घटना के संबंध में कोर्ट मोहर्रिर द्वारा कोतवाली गंगनहर में मुकदमा पंजीकृत कराया गया।
मामले की प्रारंभिक जांच में पुलिस अभिरक्षा के दौरान लापरवाही की पुष्टि होने पर एसएसपी प्रमेन्द्र सिंह डोबाल ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने महिला कोर्ट मोहर्रिर को निलंबित करने के आदेश जारी करते हुए पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं। जांच की जिम्मेदारी एडिशनल एसपी/सीओ रुड़की को सौंपी गई है, जिन्हें एक सप्ताह के भीतर जांच आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
एसएसपी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पुलिस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों या कर्मचारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। पुलिस प्रशासन इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक कदम

लेटेस्ट न्यूज़ अपडेट पाने के लिए -
👉 खबरडोज के व्हाट्सप्प ग्रुप से जुड़ें








