सीएम साहब जिला प्रशासन से करा दीजिए गुमखाल-सतपुली मार्ग का निरीक्षण, मानकों पर उठ रहे सवाल, देखिए वायरल वीडियो

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सोशल मीडिया पर सुर्खियां बटोर रही सड़क निर्माण कंपनी, सुस्त रफ्तार से राहगीर परेशान

खबर डोज, कोटद्वार। जनपद पौड़ी गढ़वाल के महत्वपूर्ण गुमखाल-सतपुली मार्ग के निर्माण कार्य की धीमी रफ्तार अब स्थानीय लोगों और राहगीरों के लिए परेशानी का कारण बनती जा रही है। लंबे समय से मार्ग पर निर्माण कार्य जारी है, लेकिन काम की गति को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। वहीं, निर्माण कार्य से जुड़े वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बनी हुई हैं।

गुमखाल-सतपुली मार्ग पौड़ी गढ़वाल के प्रमुख मार्गों में शामिल है और इस पर रोजाना बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाहरी क्षेत्रों से आने-जाने वाले वाहन गुजरते हैं। ऐसे में सड़क निर्माण के दौरान यातायात व्यवस्था, सुरक्षा और निर्माण की गुणवत्ता बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है। लेकिन निर्माण कार्य की सुस्त गति के कारण वाहन चालकों को जगह-जगह दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो ने बढ़ाई चर्चा

सड़क निर्माण को लेकर सोशल मीडिया पर कई वीडियो और तस्वीरें सामने आने के बाद निर्माण कंपनी की कार्यप्रणाली को लेकर चर्चा तेज हो गई है। सोशल मीडिया यूजर्स द्वारा सड़क निर्माण की गुणवत्ता, कार्य की गति और मौके पर अपनाए जा रहे तरीकों को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।

हालांकि, सोशल मीडिया पर लगाए जा रहे आरोपों की वास्तविकता मौके पर तकनीकी जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकती है। ऐसे में स्थानीय लोगों की मांग है कि संबंधित विभाग और जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य का स्थलीय निरीक्षण करे।

मानकों के अनुरूप हो रहा काम तो निरीक्षण में स्थिति साफ हो

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि सड़क निर्माण कार्य निर्धारित तकनीकी मानकों और गुणवत्ता के अनुरूप किया जा रहा है तो प्रशासन के निरीक्षण से स्थिति स्वतः स्पष्ट हो जाएगी। वहीं, यदि निर्माण में किसी प्रकार की कमी, लापरवाही या निर्धारित मानकों की अनदेखी सामने आती है तो संबंधित कार्यदायी संस्था के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।

लोगों का यह भी कहना है कि बरसात के मौसम में पहाड़ी मार्गों पर सड़क निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जाना जरूरी है। निर्माण स्थल पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम, यातायात प्रबंधन और यात्रियों की सुविधा को प्राथमिकता मिलनी चाहिए।

डीएम से स्थलीय निरीक्षण की मांग

अब स्थानीय लोगों की निगाहें पौड़ी जिला प्रशासन पर टिकी हैं। सवाल यह है कि क्या पौड़ी की जिलाधिकारी स्वाति भदौरिया गुमखाल-सतपुली मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्य की वास्तविक स्थिति का जायजा लेंगी?

लोगों का कहना है कि जिलाधिकारी या प्रशासन की उच्चस्तरीय टीम के मौके पर पहुंचने से सड़क निर्माण की गुणवत्ता, प्रगति और सुरक्षा व्यवस्था की वास्तविक तस्वीर सामने आ सकती है। साथ ही सोशल मीडिया पर उठ रहे सवालों का भी तथ्यात्मक जवाब मिल सकेगा।

सीएम से भी हस्तक्षेप की मांग

गुमखाल-सतपुली मार्ग की अहमियत को देखते हुए स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री से भी इस मामले में जिला प्रशासन को निरीक्षण के निर्देश देने की मांग की है। लोगों का कहना है कि सड़क का निर्माण जल्द पूरा होने के साथ-साथ गुणवत्ता से किसी भी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए।

अब देखना होगा कि सोशल मीडिया पर लगातार उठ रहे सवालों के बीच पौड़ी प्रशासन इस मामले में कब संज्ञान लेता है और क्या गुमखाल-सतपुली मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्य की गुणवत्ता एवं प्रगति की जांच की जाती है। निरीक्षण होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि सड़क निर्माण को लेकर उठ रहे सवालों में कितनी वास्तविकता है।

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