रिफ्रेशर कोर्स के बिना अब बहाल नहीं होगा सस्पेंड ड्राइविंग लाइसेंस

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खबर डोज, देहरादून। ड्राइविंग नियमों के उल्लंघन पर सस्पेंड किए गए लाइसेंस धारकों के लिए अब नियम और सख्त हो गए हैं। आरटीओ प्रशासन देहरादून संभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि अब तीन माह या उससे अधिक अवधि के लिए निलंबित किए गए ड्राइविंग लाइसेंस की बहाली बिना ‘रिफ्रेशर ट्रेनिंग कोर्स’ पूरा किए संभव नहीं होगी।

आरटीओ प्रशासन देहरादून के अनुसार, यह व्यवस्था मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 19 और केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 (CMVR) के नियम 21 के तहत लागू की गई है। इसके तहत यदि किसी चालक का लाइसेंस नियमों के उल्लंघन के कारण निलंबित किया जाता है, तो उसे दोबारा सक्रिय कराने के लिए अधिकृत संस्थान से पुनश्चर्या प्रशिक्षण लेना अनिवार्य होगा।

अधिकारियों ने बताया कि यह प्रशिक्षण केवल धारा 12 के अंतर्गत लाइसेंस प्राप्त ड्राइविंग स्कूल, मान्यता प्राप्त संस्थान या केंद्र सरकार द्वारा अधिसूचित एजेंसी से ही मान्य होगा। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद संबंधित व्यक्ति को प्रमाण पत्र प्राप्त करना होगा, जिसे ऑनलाइन सिस्टम में अपलोड करना जरूरी होगा।

इस संबंध में एक बड़ा बदलाव भी किया गया है। अब तक ‘सारथी (Sarathi) सॉफ्टवेयर’ के माध्यम से निलंबन अवधि पूरी होने के बाद ड्राइविंग लाइसेंस स्वतः बहाल (Auto Revocation) हो जाता था, लेकिन 20 अप्रैल 2026 से इस सुविधा को पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। अब लाइसेंस तभी सक्रिय होगा जब आवेदक रिफ्रेशर कोर्स का प्रमाण पत्र अपलोड करेगा और उसका सत्यापन किया जाएगा।

आरटीओ प्रशासन देहरादून के अधिकारी संदीप सैनी ने बताया कि इस निर्णय का मुख्य उद्देश्य सड़क सुरक्षा को मजबूत करना और नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों में जागरूकता बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि रिफ्रेशर कोर्स के जरिए चालकों को ट्रैफिक नियमों, सुरक्षित ड्राइविंग और जिम्मेदार व्यवहार के प्रति फिर से प्रशिक्षित किया जाएगा, जिससे दुर्घटनाओं में कमी लाने में मदद मिलेगी।

प्रशासन ने सभी संबंधित चालकों और आम जनता से अपील की है कि वे ट्रैफिक नियमों का पालन करें और यदि उनका लाइसेंस निलंबित होता है, तो समय पर रिफ्रेशर ट्रेनिंग कोर्स पूरा कर आवश्यक प्रक्रिया अपनाएं, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

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